Breaking News
Home / आध्यात्मिक / रात को सोते वक्त 5 तुलसी के पत्ते तकिये के नीचे रखे और फिर चमत्कार देखे……….

रात को सोते वक्त 5 तुलसी के पत्ते तकिये के नीचे रखे और फिर चमत्कार देखे……….

भारतीय संस्कृति में प्रकृति का अहम योगदान रहा है.हिन्दू पुराणों और शास्त्रों में प्रकृति को अतुल्य जगह दी गई है.भारतीय शास्त्रों में पेड़ पौधों को जीवन का एक अहम हिस्सा माना गया है.भारतीय संस्कृति पेड़ की पूजा अर्चना करना भी पाया जाता है.वैदिक संस्कृति हो या वस्तु शास्त्र वृक्ष को पवित्र माना गया है.प्रकृति के साथ जुड़ कर त्यौहार मानना उन्हें सरंक्षण करना हर भारतीयों में पाया जाता है.हिन्दू पुराणों में कुछ ऐसे पेड़ पौधे का उल्लेख मिलता है जो मनुष्य के लिए भाग्य शाली होते है.इन पेड़ पौधों को घर में रखने से सुख शान्ति समृद्धि की प्राप्ति होती है.पुराणों में आया इन पौधों से वाक्ति के जीवन की कठिनाई दूर होती है और वह बेहतर भविष्य की ओर जाता है.

आज आपको सबसे पवित्र पोधा तुलसी के बारे में बात करेंगे.तुलसी सामान्यत हर घर में पाया जाता है.सुबह शाम पूजा अर्चना के दौरान तुलसी सर्वाधिक उपयोग आती है.तुलसी एक घरेलू उपचार का प्रमुख साधन है.जब पूजा की जाती है तो तुलसी के पते रखे जाता है.इसके पीछे का कारण तुलसी को भगवान विष्णु का अती प्रिय माना जाता है.आपको एक उपाय बताते है जिससे आपकी हर इच्छा पूरी होगी.इसको करना भी आसान है.आपको सोने से पहले अपने तकिए ने नीचे तुलसी 5 पते रखने है.ऐसा करने से आपके घर मे नकारात्मक सोच समाप्त हो जाती है.

भारतीय संस्कृति में तुलसी को देवी का रूप भी माना जाता है.आंगन में तुलसी का पोधा पाया जाता है.वैज्ञानिकों ने तुलसी की पूजा अर्चना करने के लिचे कुछ वैज्ञानिक तरीके खोज है.तुलसी को अगर गर्म करके उसका पानी पिए तो हर खांसी खत्म हो जाती है.किसी आंगन में तुलसी का पोधा होता है तो वहा सभी लोगो के दिल में सकारात्मक विचारो का प्रभाव होता है.अगर कोई सुभा जल्दी उठते ही तुलसी की कुछ पतिया खा ले तो उसका हर बड़े रोग जल्द ही खत्म हो जाएगा.आपको तुलसी तकिए के नीचे रखने के कई फायदे होंगे.इससे आपके दिल दिमाग के नकारात्मक विचारों का खत्म होगा ओर आपकी मनोकामना पूर्ण होगी.आपके व्यापार में घाटा हो रहा है तो यह उपाय आपके लिए फायदेमंद होगा.तुलसी के बारे में विस्तृत उल्लेख भारतीय आयुर्वेद का सबसे प्रमुख ग्रंथ चरक संहिता में है.

sorce

About Admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *